Maharatna PSU कंपनी भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड यानी भेल (BHEL) के निवेशकों के लिए यह हफ्ता बेहद खास रहा। कंपनी के शेयर पहली बार ₹400 का आंकड़ा पार कर गए और इसी के साथ एक नया ऐतिहासिक रिकॉर्ड बन गया। मजबूत तिमाही नतीजों और बेहतर होती कमाई ने इस तेजी को और पुख्ता कर दिया है।
पहली बार ₹400 के पार
BSE पर भेल के शेयर 5% से अधिक की बढ़त के साथ कर्रेब ₹403 पर बंद हुए, और कारोबार के दौरान इसने ₹408.90 का इंट्राडे हाई भी छुआ। यह कंपनी के शेयर का अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है। इससे पहले भेल का शेयर कभी ₹400 के पार नहीं गया था, इसलिए यह उपलब्धि कंपनी और उसके निवेशकों दोनों के लिए बड़ी मानी जा रही है।
603% से ज्यादा का रिटर्न
अगर लंबी अवधि के नजरिए से देखें तो भेल के शेयर ने निवेशकों को जबरदस्त कमाई कराई है। 7 मई 2021 को यह शेयर सिर्फ ₹57.80 पर था और 7 मई 2026 को ₹406.30 पर बंद हुआ, यानी 5 साल में 603% से ज्यादा की बढ़त। पिछले 4 साल में 696%, 3 साल में 403% और 1 साल में 80% का रिटर्न मिला है। हाल की बात करें तो सिर्फ 6 महीने में 56% और पिछले एक महीने में 60% की तेजी दर्ज हुई है, जो दिखाता है कि हालिया मोमेंटम बेहद मजबूत बना हुआ है।
Maharatna PSU BHEL Q4 Results
भेल के वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के नतीजे भी काफी शानदार रहे। मार्च 2026 को खत्म हुई तिमाही में कंपनी का कंसॉलिडेटेड मुनाफा ₹1,290.47 करोड़ रहा, जबकि एक साल पहले यह सिर्फ ₹504.45 करोड़ था, यानी मुनाफा 2.5 गुना से भी अधिक बढ़ा। इसी तरह कंपनी की कुल आय भी ₹9,142.64 करोड़ से बढ़कर ₹12,553.50 करोड़ पर पहुंच गई, जो करीब 37% की बढ़त है।
बोनस शेयर और स्टॉक स्प्लिट
भेल अपने निवेशकों के प्रति हमेशा उदार रही है। कंपनी मई 2007 में 1:1 के रेशियो में बोनस शेयर दे चुकी है, यानी हर एक शेयर पर एक अतिरिक्त शेयर मिला था। इसके बाद सितंबर 2017 में 1:2 के रेशियो में फिर बोनस दिया गया, जिसमें हर 2 शेयर पर 1 बोनस शेयर मिला। इसके अलावा अक्टूबर 2011 में कंपनी ने अपने शेयर को 5 हिस्सों में बांटा था, जिससे छोटे निवेशकों की शेयर तक पहुंच और आसान हो गई।
भेल एक महारत्न दर्जे की सरकारी कंपनी है और भारत के बिजली व भारी उपकरण क्षेत्र में इसकी अहम भूमिका है। मजबूत ऑर्डर बुक, बेहतर होती वित्तीय स्थिति और सरकार के बुनियादी ढांचे पर बढ़ते खर्च ने कंपनी को नई ऊंचाई दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि जैसे-जैसे देश में ऊर्जा और रक्षा क्षेत्र में निवेश बढ़ेगा, भेल जैसी कंपनियों की मांग और मजबूत होती जाएगी।
Disclaimer: इस वेबसाइट पर दी गयी हर एक जानकारी केवल शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है और इसे किसी भी प्रकार की निवेश सलाह के रूप नहीं लिया जाना चाहिए. कोई भी निवेश सम्बंधित निर्णय लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह ज़रूर करें.

